ONSCREENBUZZ
BUZZ

आवारापन पार्ट टू रिव्यू: 19 साल बाद फिर लौटे इमरान हाशमी, दर्द, मोहब्बत और संगीत का वही पुराना एहसास

19 साल बाद शिवम की वापसी में इमरान हाशमी का वही दर्द और इंटेंसिटी नजर आती है, लेकिन सीधी कहानी, अनुमानित मोड़ और पहली फिल्म जैसा भावनात्मक असर न होना इसे औसत सीक्वल बनाता है।

✍️ By Rajni
📅 Aug 14, 2026
आवारापन पार्ट टू रिव्यू: 19 साल बाद फिर लौटे इमरान हाशमी, दर्द, मोहब्बत और संगीत का वही पुराना एहसास
Media Desk / OnscreenBuzz.com


रेटिंग: ★★★☆☆ (3/5)

ड्यूरेशन: 2 घंटे 20 मिनट

19 साल बाद आवारापन की दुनिया में लौटना अपने आप में बड़ी बात है। 2007 की फिल्म ने शिवम के दर्द, अधूरी मोहब्बत और शानदार संगीत से एक खास जगह बनाई थी। आवारापन पार्ट टू उसी भावनात्मक दुनिया को आगे बढ़ाती है, लेकिन इस बार कहानी का दायरा मानव तस्करी, अपराध, एक्शन और नए रिश्तों तक पहुंचता है। फिल्म में पुराने हिस्से की यादें हैं, इमरान हाशमी की वही इंटेंसिटी है और संगीत भी भावनाओं को जगाने की कोशिश करता है, लेकिन पहली फिल्म जैसा गहरा असर हर जगह महसूस नहीं होता।


कहानी

शिवम पंडित (इमरान हाशमी) अब एक अनाथालय चलाता है। वहां रहने वाली बच्ची आलिया को गोद लेने के बहाने कुछ लोग अपने साथ ले जाते हैं, लेकिन बाद में पता चलता है कि वह मानव तस्करी के गिरोह का शिकार हो गई है। इसके बाद इंटरपोल का एक अधिकारी शिवम से संपर्क करता है और उसे इस गिरोह तक पहुंचने का मिशन दिया जाता है। शिवम बैंकॉक पहुंचता है, जहां उसका सामना पूरन गब्बी से होता है। इसी दौरान उसकी मुलाकात दिशा (दिशा पाटनी) से होती है, जो एक गैंगस्टर की बेटी है और आगे चलकर शिवम का साथ देती है। मिशन के साथ शिवम अपने पुराने दर्द और अतीत से भी दोबारा सामना करता है।

कहानी का आधार अच्छा है और इसमें एक्शन के साथ इमोशनल एंगल भी रखा गया है, लेकिन पटकथा काफी सीधी है। कई घटनाओं का अंदाजा पहले ही लग जाता है और कहानी में ऐसे ट्विस्ट कम हैं जो लगातार उत्सुकता बनाए रखें। पहली फिल्म की तुलना में इस बार भावनात्मक कहानी के साथ मिशन और एक्शन का हिस्सा ज्यादा हावी है।


एक्टिंग

इमरान हाशमी फिल्म की सबसे बड़ी ताकत हैं। शिवम के दर्द, गुस्से, अकेलेपन और मोहब्बत को उन्होंने अच्छी तरह पकड़ा है। उनके चेहरे और बॉडी लैंग्वेज में वही पुरानी आवारापन वाली इंटेंसिटी नजर आती है। उनका लुक और बॉडी ट्रांसफॉर्मेशन भी किरदार पर जंचता है। शबाना आजमी नफीसा के किरदार में प्रभावशाली हैं और अपनी मौजूदगी से दृश्यों को वजन देती हैं। दिशा पाटनी अच्छी लगती हैं, लेकिन उनके किरदार में और भावनात्मक गहराई हो सकती थी। पूरन गब्बी ठीक हैं, हालांकि इमरान के सामने उनका किरदार थोड़ा हल्का महसूस होता है; थोड़ी और खौफनाक मौजूदगी होती तो टकराव मजबूत बनता। सुविंदर विक्की भी अपने हिस्से में असर छोड़ते हैं।


निर्देशन

नितिन कक्कड़ ने फिल्म को सिर्फ पुरानी आवारापन की सफलता पर टिकाने के बजाय एक नई कहानी देने की कोशिश की है। एक्शन, रोमांस और इमोशन को साथ रखने की कोशिश अच्छी है और शिवम की निजी यात्रा को भी कहानी से जोड़ा गया है। हालांकि कुछ जगह फिल्म की रफ्तार धीमी पड़ती है और कुछ दृश्यों को छोटा किया जाता तो कहानी ज्यादा चुस्त लगती। इमोशनल हिस्सों में भी कुछ दृश्य स्वाभाविक रूप से असर करते हैं, जबकि कुछ जगह भावनाओं को थोड़ा ज्यादा खींचा हुआ महसूस किया जाता है।


तकनीकी पक्ष

विष्णु राव की सिनेमैटोग्राफी फिल्म के डार्क और गंभीर माहौल को अच्छी तरह पकड़ती है। बैंकॉक की लोकेशन और एक्शन सीक्वेंस फिल्म को बड़ा कैनवास देते हैं। प्रोडक्शन और विजुअल ट्रीटमेंट ठीक हैं, हालांकि कुछ एक्शन और विजुअल इफेक्ट्स में और बेहतर काम की गुंजाइश नजर आती है। फिल्म का तकनीकी पक्ष कहानी को सपोर्ट करता है, लेकिन अपने आप में बहुत बड़ा आकर्षण नहीं बनता।


म्यूजिक

आवारापन पार्ट टू का संगीत फिल्म की अहम खूबियों में है। पुराने आवारापन की यादों से जुड़ा भाव इस बार भी बरकरार रखा गया है और नए गानों में दर्द, मोहब्बत और नॉस्टेल्जिया का रंग देखने को मिलता है। ‘वे जुनून’, ‘ये आवारापन’, ‘तेरा मेरा रिश्ता कंटीन्यूज़’ और ‘तेरे लिए’ जैसे गाने कहानी के भावनात्मक हिस्सों को मजबूत करते हैं। हालांकि पहली फिल्म के संगीत जैसा असर और याद रह जाने वाली गहराई हर गाने में नहीं मिलती


फाइनल वर्डिक्ट

आवारापन पार्ट टू पुरानी फिल्म के प्रशंसकों के लिए इमरान हाशमी की वापसी और संगीत की वजह से खास अनुभव दे सकती है। फिल्म में इमोशन, एक्शन और रोमांस का अच्छा मिश्रण है, लेकिन सीधी कहानी, कुछ अनुमानित मोड़ और असमान रफ्तार इसे पहली फिल्म के स्तर तक पहुंचने से रोकते हैं।

19 साल बाद शिवम को फिर देखना अच्छा लगता है। दर्द वही है, लेकिन इस बार उसकी गहराई थोड़ी कम महसूस होती है।

रेटिंग: ★★★☆☆ (3/5)



A

Rajni

Official editorial team covering cinema box office, OTT streaming releases, Hollywood news, and pop culture for OnscreenBuzz.com.

🔥 Related Articles & Recommended Stories

More stories from Bollywood

View Section →
Awarapan 2 Movie Review: 19 Years Later, Shivam Returns with the Same Pain, Love and Intensity
Bollywood 🇬🇧 English

Awarapan 2 Movie Review: 19 Years Later, Shivam Returns with the Same Pain, Love and Intensity

Awarapan Part 2 brings Emraan Hashmi back as Shivam after 19 years. Strong performances, music and nostalgia work in its favour, but a predictable story and uneven pacing hold it back.

📅 Aug 14
Batwara 1947 Review: A Big Story Undone by Slow Pace, Forced Emotions and Loud Performances
Bollywood 🇬🇧 English

Batwara 1947 Review: A Big Story Undone by Slow Pace, Forced Emotions and Loud Performances

Despite a powerful subject and strong performers like Sunny Deol and Shabana Azmi, Batwara 1947 struggles with slow pacing, forced emotions, loud performances and an uneven screenplay.

📅 Aug 14
Bollywood 🇬🇧 English

From Naxal-Affected Bastar to the Ramp and Possibly the Big Screen: Filmmaker Aakash Aditya Lama Offers Opportunity to Sukma Women

Women from Sukma's rehabilitation centre walked the ramp in traditional Chhattisgarhi handloom attire. Filmmaker Aakash Aditya Lama, director of Bengal 1947, has expressed his desire to work with them in an upcoming film.

📅 Aug 13
Shakeel Noorani Arrested: 73-Year-Old Director Faces Rape, Sexual Assault Allegations by Actress; Arrest Made After 40 Days
Bollywood 🇬🇧 English

Shakeel Noorani Arrested: 73-Year-Old Director Faces Rape, Sexual Assault Allegations by Actress; Arrest Made After 40 Days

Veteran filmmaker Shakeel Noorani has been arrested in Mumbai in connection with a serious case filed by a 33-year-old actress, who has alleged rape, sexual assault, drugging and blackmail. Noorani’s lawyer has denied the allegations.

📅 Aug 10